पीएम किसान योजना पात्रता जानना हर भूमिधारक किसान के लिए जरूरी है, क्योंकि गलत श्रेणी में आवेदन करने पर लाभ रुक जाता है और पहले मिली राशि वापस मांगी जा सकती है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में छोटे और सीमांत किसान परिवारों को हर साल 6,000 रुपये तीन किस्तों में मिलते हैं। नीचे पूरी पात्रता और अपात्रता की शर्तें समझाई गई हैं।
पीएम किसान योजना पात्रता — एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| मुख्य शर्त | भूमिधारक किसान परिवार |
| वार्षिक लाभ | ₹6,000 (तीन किस्तों में) |
| आवेदन | pmkisan.gov.in — New Farmer Registration |
| सत्यापन | राज्य सरकार की समिति द्वारा भू-अभिलेख जांच |
| आधिकारिक वेबसाइट | pmkisan.gov.in |
कौन पात्र है — पीएम किसान योजना पात्रता की मुख्य शर्तें
इस योजना का लाभ उन किसान परिवारों को मिलता है जो छोटे या सीमांत किसान की श्रेणी में आते हैं और जिनके पास कृषि योग्य भूमि है। परिवार का मतलब है — पति, पत्नी और 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे।
- भूमिधारक किसान, यानी जिनके नाम पर कृषि योग्य जमीन दर्ज है
- छोटे और सीमांत किसान परिवार (भूमि की सीमा राज्यवार अलग होती है)
- आधार और बैंक खाता सही दर्ज हो
- ई-केवाईसी पूरी हो (किस्त के लिए अनिवार्य)
पंजीकरण pmkisan.gov.in पर निःशुल्क है। किसी भी एजेंट, दलाल या “गारंटीड पात्रता” वाले को पैसे न दें — चयन सरकारी समिति के सत्यापन से होता है।
कौन अपात्र माने जाते हैं?
योजना का लाभ सिर्फ जरूरतमंद किसानों तक पहुंचाने के लिए सरकार ने कुछ श्रेणियां बाहर रखी हैं। अगर परिवार का कोई सदस्य इन श्रेणियों में आता है, तो आवेदन खारिज हो जाता है।
- संस्थागत भूमिधारक — जिनकी जमीन किसी संस्था के नाम दर्ज है
- संवैधानिक पदों पर आसीन व्यक्ति, वर्तमान या पूर्व सांसद, विधायक, महापौर, जिला पंचायत अध्यक्ष
- केंद्र या राज्य सरकार के सेवारत तथा सेवानिवृत्त कर्मचारी (चतुर्थ श्रेणी और मल्टी टास्किंग स्टाफ को छोड़कर)
- 10,000 रुपये या उससे अधिक मासिक पेंशन पाने वाले सेवानिवृत्त कर्मचारी
- पिछले आकलन वर्ष में आयकर देने वाले सदस्य
- डॉक्टर, इंजीनियर, वकील, चार्टर्ड अकाउंटेंट और आर्किटेक्ट जैसे पंजीकृत पेशेवर

पात्रता की जांच कैसे करें?
आवेदन से पहले अपनी पात्रता खुद जांच लें। pmkisan.gov.in पर योजना की गाइडलाइन पढ़ें और अपने भू-अभिलेख, आधार और बैंक विवरण तैयार रखें। अगर पहले से पंजीकृत हैं, तो “Know Your Status” से अपनी स्थिति देखें।
- pmkisan.gov.in खोलें।
- योजना की पात्रता शर्तें पढ़ें।
- भू-अभिलेख में अपना नाम और जमीन का विवरण जांचें।
- अपात्र श्रेणियों की सूची से खुद को मिलाएं।
- पात्र हों तो “New Farmer Registration” से आवेदन करें।
आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज
| दस्तावेज | उद्देश्य |
|---|---|
| आधार कार्ड | पहचान और ई-केवाईसी |
| बैंक पासबुक | डीबीटी भुगतान के लिए |
| भूमि के कागजात / खसरा-खतौनी | भूमिधारक साबित करने के लिए |
| मोबाइल नंबर | ओटीपी और अपडेट |
दस्तावेज की सत्यापन प्रक्रिया राज्य सरकार की समिति करती है। कोई भी “दस्तावेज तैयार कराने” वाला एजेंट जरूरी नहीं — आवेदन खुद भी किया जा सकता है।
पात्र होने के बाद भी लाभ क्यों रुक सकता है?
पात्रता मिल जाने के बाद भी कुछ कारणों से किस्त रुक सकती है:
- ई-केवाईसी अधूरी — pmkisan.gov.in, सीएससी या ऐप से पूरी करें
- बैंक खाता आधार से लिंक नहीं — बैंक शाखा में सीडिंग कराएं
- भू-अभिलेख में विसंगति — तहसील में सुधार कराएं
- गलत या डुप्लिकेट पंजीकरण — हेल्पलाइन 155261 पर संपर्क
नया पंजीकरण — चरण दर चरण
- pmkisan.gov.in पर “New Farmer Registration” खोलें।
- आधार नंबर, बैंक विवरण और भूमि की जानकारी भरें।
- फॉर्म submit करें — कोई शुल्क नहीं।
- राज्य समिति सत्यापन के बाद स्वीकृति मिलती है।
- स्वीकृति के बाद लाभार्थी सूची में नाम दिखता है।
किसी भी “फॉर्म भरवाने” वाले को पैसे देना ठगी का शिकार बन सकता है। आधिकारिक पोर्टल पर आवेदन पूरी तरह मुफ्त है।
सुरक्षा और सावधानी
सरकारी योजनाओं और पोर्टल सेवाओं का उपयोग पूरी तरह निःशुल्क होता है — कोई भी एजेंट, दलाल, साइबर कैफे या “फॉर्म केंद्र” चयन, नाम जोड़ने, किस्त या कार्ड जारी कराने की गारंटी नहीं दे सकता। OTP किसी को न बताएं; सिर्फ .gov.in / .nic.in पोर्टल और आधिकारिक हेल्पलाइन पर भरोसा करें। फर्जी WhatsApp लिंक, YouTube वीडियो और Telegram चैनल पर व्यक्तिगत जानकारी न दें — यह ठगी का आम रास्ता है।
महत्वपूर्ण सुझाव
आवेदन, सूची जांच, डाउनलोड या ई-केवाईसी से पहले अपने आधार, बैंक पासबुक, मोबाइल नंबर और पते का प्रमाण तैयार रखें। ऑनलाइन फॉर्म भरते समय spelling और नंबर दोबारा जांचें — छोटी गलती से आवेदन रद्द या लंबित हो सकता है। हर लेनदेन की पर्ची, ओटीपी संदेश और शिकायत की पावती संभालकर रखें; बाद में स्थिति जांचने में यही काम आती है।
हेल्पलाइन और शिकायत
कोई भी समस्या हो — कम अनाज, नाम कटना, पोर्टल न खुलना — तो पहले अपने राज्य की खाद्य विभाग हेल्पलाइन पर संपर्क करें। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा हेल्पलाइन 14445 पर भी शिकायत दर्ज हो सकती है। ऑनलाइन शिकायत के बाद मिला क्रमांक संभालकर रखें; स्थिति जांचने में यही काम आता है।
आधिकारिक वेबसाइट और स्रोत
- पीएम किसान आधिकारिक पोर्टल — pmkisan.gov.in
- कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय — agriwelfare.gov.in
- माय स्कीम पोर्टल — myscheme.gov.in
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
किराए की जमीन पर किसान पात्र है या नहीं?
योजना भूमिधारक किसानों के लिए है। किराएदार किसान आमतौर पर पात्र नहीं माने जाते, लेकिन भूमि की स्थिति राज्यवार अलग हो सकती है — तहसील में जांच कराएं।
एक परिवार में कितने सदस्यों को लाभ मिलता है?
एक परिवार (पति, पत्नी, 18 वर्ष से कम उम्र के बच्चे) को एक ही लाभ मिलता है — ₹6,000 प्रति वर्ष।
सरकारी कर्मचारी पात्र हैं या नहीं?
चतुर्थ श्रेणी और मल्टी टास्किंग स्टाफ को छोड़कर अन्य सरकारी कर्मचारी अपात्र हैं।
पात्रता जांच कहां से करें?
pmkisan.gov.in पर योजना की गाइडलाइन पढ़ें और “Know Your Status” से अपनी स्थिति देखें।
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अस्वीकरण: पात्रता की अंतिम निर्णय राज्य सरकार की समिति करती है। ताजा नियमों के लिए pmkisan.gov.in देखें।
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