झारखंड लोक सेवा आयोग — JPSC सिविल सेवा परीक्षा विवाद और जांच की ताजा स्थिति

Sumi Maity

झारखंड लोक सेवा आयोग: OMR विवाद, CID जांच और 20 अगस्त की सुनवाई तक की पूरी स्थिति

JPSC, झारखंड, परीक्षा, सरकारी नौकरी

झारखंड लोक सेवा आयोग की 14वीं संयुक्त असैनिक सेवा परीक्षा इस समय राज्य की सबसे बड़ी चर्चा में है — प्रारंभिक परीक्षा के परिणाम पर OMR गड़बड़ी के आरोप लगे हैं, CID में केस संख्या 16/2026 दर्ज है और सुप्रीम कोर्ट में CBI जांच व परीक्षा रद्द करने की याचिका दायर हो चुकी है। रांची में अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है और झारखंड हाईकोर्ट ने अध्यक्ष की नियुक्ति पर सरकार से 20 अगस्त तक जवाब मांगा है। अब तक क्या-क्या हुआ और अभ्यर्थियों के लिए आगे क्या मायने रखता है — पूरा घटनाक्रम इस लेख में है।

झारखंड लोक सेवा आयोग विवाद — मुख्य बिंदु

विवरण स्थिति
परीक्षा 14वीं JPSC संयुक्त असैनिक सेवा (विज्ञापन 01/2026)
प्रारंभिक परीक्षा 19 अप्रैल 2026
प्रीलिम्स रिजल्ट 2 जुलाई 2026 (हाईकोर्ट के 30 जून के आदेश के बाद)
मुख्य परीक्षा 18–20 जुलाई 2026, रांची
जांच CID केस संख्या 16/2026 दर्ज
सुप्रीम कोर्ट CBI जांच और प्रीलिम्स रद्द करने की याचिका
हाईकोर्ट सुनवाई 20 अगस्त 2026 (अध्यक्ष की नियुक्ति पर जवाब तलब)
आधिकारिक वेबसाइट jpsc.gov.in

विवाद कहां से शुरू हुआ?

2 जुलाई को प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम घोषित होने के बाद एक सफल अभ्यर्थी की OMR उत्तर पुस्तिका की कार्बन कॉपी कथित तौर पर वायरल हुई। आरोप है कि उस अभ्यर्थी ने पेपर-1 में 100 में से केवल 48 प्रश्नों के उत्तर दिए थे, फिर भी उसे सफल घोषित किया गया। आयोग ने स्वयं आधिकारिक सूचना जारी कर बताया कि मामले में CID जांच चल रही है। इसी क्रम में सफल अभ्यर्थियों से 30 जुलाई से 5 अगस्त के बीच पेपर-1 और पेपर-2 की OMR कार्बन कॉपी जमा करने को कहा गया, ताकि रिकॉर्ड का मिलान किया जा सके।

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JPSC परीक्षा की OMR कार्बन कॉपी जमा करने और CID जांच की प्रक्रिया समझाता अभ्यर्थी
सफल अभ्यर्थियों से OMR कार्बन कॉपी 30 जुलाई से 5 अगस्त के बीच जमा कराई गई — मिलान CID जांच का हिस्सा है।

अब तक का पूरा घटनाक्रम

  1. 19 अप्रैल 2026: संयुक्त असैनिक सेवा प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित हुई।
  2. 30 जून 2026: झारखंड हाईकोर्ट ने W.P.(S) 1276/2026 में परिणाम जारी करने का आदेश दिया।
  3. 2 जुलाई 2026: प्रीलिम्स रिजल्ट जारी; मुख्य परीक्षा के आवेदन 3 से 9 जुलाई तक भरे गए।
  4. 18–20 जुलाई 2026: रांची के केंद्रों पर मुख्य (लिखित) परीक्षा संपन्न हुई।
  5. जुलाई अंत: OMR कार्बन कॉपी वायरल होने के बाद गड़बड़ी के आरोप उठे; CID केस 16/2026 दर्ज।
  6. 30 जुलाई–5 अगस्त: सफल अभ्यर्थियों से दोनों पेपर की OMR कार्बन कॉपी जमा कराई गई।
  7. अगस्त 2026: सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका — CBI जांच और 19 अप्रैल की परीक्षा रद्द कर नई परीक्षा की मांग; रांची में छात्रों का आंदोलन और भूख हड़ताल जारी।

सरकार और अदालत का रुख

8 अगस्त को छात्र प्रतिनिधिमंडल और सरकार के मंत्रियों के बीच लंबी वार्ता हुई, जो सकारात्मक माहौल में चली लेकिन बेनतीजा रही — सरकार ने बातचीत जारी रखने और जल्द फैसले का भरोसा दिया है। उधर झारखंड हाईकोर्ट ने साफ कहा है कि आयोग के अध्यक्ष का पद खाली नहीं रखा जा सकता और राज्य सरकार 20 अगस्त तक बताए कि नई नियुक्ति कब होगी। इसी सुनवाई में आयोग की ओर से बताया गया कि वन विभाग में असिस्टेंट कंजर्वेटर ऑफ फॉरेस्ट (ACF) और रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर (RFO) के रिक्त पद भरने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

अभ्यर्थियों के लिए इसका क्या मतलब है?

मुख्य परीक्षा दे चुके अभ्यर्थियों के लिए फिलहाल सबसे अहम बात यह है कि परिणाम से जुड़ा हर फैसला अदालती कार्यवाही से प्रभावित हो सकता है। ऐसे में तीन काम जरूर करें।

  • केवल आधिकारिक सूचना मानें: रिजल्ट, इंटरव्यू या परीक्षा रद्द होने की कोई भी खबर jpsc.gov.in की प्रेस विज्ञप्ति से ही पक्की मानें — सोशल मीडिया के स्क्रीनशॉट से नहीं।
  • दस्तावेज संभालकर रखें: एडमिट कार्ड, OMR कार्बन कॉपी (यदि आपके पास शेष प्रति है) और आवेदन की रसीदें आगे किसी भी सत्यापन में काम आएंगी।
  • तैयारी जारी रखें: कानूनी प्रक्रिया चाहे जिस दिशा में जाए, सिलेबस वही रहेगा — पढ़ाई रोकना सबसे बड़ा नुकसान है। राज्य आयोगों की तैयारी की रणनीति हमारे स्टेट PSC गाइड में दी गई है।

ध्यान रखने योग्य बातें

यह मामला अभी जांच और अदालत में है — वायरल OMR से जुड़े सभी दावे फिलहाल आरोप हैं, जिन पर CID की जांच चल रही है और किसी की दोषसिद्धि नहीं हुई है। परीक्षा रद्द होगी या नहीं, यह फैसला केवल अदालत या आयोग की आधिकारिक घोषणा से तय होगा। ऐसे माहौल में “पैसे देकर रिजल्ट ठीक कराने” जैसे झांसे देने वाले ठग सक्रिय हो जाते हैं — किसी को भी पैसे या दस्तावेज न दें।

आधिकारिक वेबसाइट और स्रोत

परीक्षा, परिणाम और जांच से जुड़ी आधिकारिक सूचनाएं इन्हीं स्रोतों पर आती हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

झारखंड लोक सेवा आयोग की परीक्षा पर विवाद क्या है?

प्रीलिम्स रिजल्ट के बाद एक सफल अभ्यर्थी की OMR कार्बन कॉपी वायरल हुई, जिसमें गड़बड़ी का आरोप है — CID केस 16/2026 दर्ज है और सुप्रीम कोर्ट में CBI जांच की याचिका दायर हुई है।

क्या JPSC प्रारंभिक परीक्षा रद्द हो जाएगी?

अभी कोई फैसला नहीं हुआ है — याचिका में परीक्षा रद्द कर नई परीक्षा की मांग की गई है, लेकिन निर्णय अदालत और आयोग की आधिकारिक घोषणा से ही होगा।

मुख्य परीक्षा कब हुई थी?

14वीं JPSC मुख्य परीक्षा 18, 19 और 20 जुलाई 2026 को रांची के विभिन्न केंद्रों पर आयोजित हुई थी।

20 अगस्त को क्या होगा?

झारखंड हाईकोर्ट में अगली सुनवाई है, जिसमें सरकार को बताना है कि आयोग के अध्यक्ष की नियुक्ति कब तक होगी।

संबंधित लेख

अस्वीकरण: यह लेख समाचार रिपोर्टों और आयोग की सार्वजनिक सूचनाओं पर आधारित है। मामला जांच और अदालत में लंबित है — वायरल OMR से जुड़े दावे आरोप हैं, दोष सिद्ध नहीं हुआ है। ताजा और आधिकारिक स्थिति के लिए jpsc.gov.in देखें।


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